Category:
Politics (राजनीति)
State:
Rajasthan
2026-09-28 05:24:31
जयपुर। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर राजस्थान में सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कांग्रेस के उन आरोपों पर सवाल उठाए हैं, जिनमें निर्वाचन आयोग की कार्यप्रणाली और SIR प्रक्रिया को लेकर आपत्तियां जताई गई हैं।
SIR विवाद पर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का कांग्रेस पर पलटवार, आरोपों के प्रमाण सार्वजनिक करने की मांग
जयपुर। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर राजस्थान में सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कांग्रेस के उन आरोपों पर सवाल उठाए हैं, जिनमें निर्वाचन आयोग की कार्यप्रणाली और SIR प्रक्रिया को लेकर आपत्तियां जताई गई हैं।
जयपुर स्थित भाजपा प्रदेश कार्यालय में हुई प्रेस वार्ता में मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी संवैधानिक संस्था पर गंभीर आरोप लगाने से पहले उनके समर्थन में तथ्य और दस्तावेज सामने रखे जाने चाहिए। उन्होंने कांग्रेस से SIR और निर्वाचन आयोग को लेकर लगाए गए आरोपों का ठोस प्रमाण सार्वजनिक करने को कहा।
तीनों चुनाव आयुक्तों की सहमति का किया उल्लेख
मुख्यमंत्री ने निर्वाचन आयोग के 26 सितंबर को जारी संयुक्त बयान का हवाला देते हुए कहा कि SIR सहित प्रमुख निर्णयों को लेकर आयोग की ओर से स्थिति स्पष्ट की जा चुकी है। उनके अनुसार आयोग ने बताया है कि संबंधित निर्णय तीनों चुनाव आयुक्तों की सहमति से लिए गए थे। SIR से जुड़े मूल आदेश और बाद की प्रक्रिया को लेकर भी मुख्यमंत्री ने कांग्रेस से अपने आरोपों का आधार स्पष्ट करने को कहा।
कैबिनेट सचिव को भेजे पत्र और फॉर्म-6 का मुद्दा भी उठा
मुख्यमंत्री ने कैबिनेट सचिव को भेजे गए एक पत्र को SIR और निर्वाचन आयोग की नीति से जोड़कर पेश किए जाने पर भी सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि आयोग के स्पष्टीकरण के अनुसार यह मामला प्रतिनियुक्ति पर कार्यरत एक अधिकारी के प्रशासनिक कार्य से संबंधित था। वहीं, फॉर्म-6 को लेकर लगाए गए आरोपों पर भी उन्होंने कांग्रेस से संबंधित आधिकारिक दस्तावेज सामने रखने की मांग की।
मतदाता सूची को लेकर प्रक्रिया पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि मतदाता सूची को अधिक सटीक बनाने के साथ पात्र मतदाताओं को प्रक्रिया में शामिल करना भी महत्वपूर्ण है। SIR के दौरान दस्तावेजों के सत्यापन और बूथ स्तर के अधिकारियों द्वारा मतदाताओं तक पहुंचने की प्रक्रिया का भी उन्होंने उल्लेख किया।
वहीं, कांग्रेस की ओर से निर्वाचन आयोग की निष्पक्षता और SIR प्रक्रिया को लेकर अलग-अलग सवाल उठाए गए हैं। ऐसे में आने वाले दिनों में यह मुद्दा राजस्थान की राजनीति में चर्चा का प्रमुख विषय बना रह सकता है।
संवाददाता श्रवण पंवार
जयपुर | NMS.NEWS