Category:
Weather (मौसम)
State:
Rajasthan
2026-10-01 02:49:39
जयपुर। मानसून के अंतिम दौर में राजस्थान में बारिश की कमी चिंता का विषय बनी हुई है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार प्रदेश में सामान्य की तुलना में करीब 17 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है। खासतौर पर पश्चिमी राजस्थान के कई जिलों में बारिश की कमी का असर खेती और ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर दिखाई दे रहा है।
राजस्थान में मानसून कमजोर: 17% कम बारिश, पश्चिमी जिलों में सूखे के हालात; बाड़मेर-जैसलमेर के लिए राहत पैकेज की तैयारी
जयपुर। मानसून के अंतिम दौर में राजस्थान में बारिश की कमी चिंता का विषय बनी हुई है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार प्रदेश में सामान्य की तुलना में करीब 17 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है। खासतौर पर पश्चिमी राजस्थान के कई जिलों में बारिश की कमी का असर खेती और ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर दिखाई दे रहा है।
बाड़मेर-जैसलमेर में बारिश की कमी ज्यादा
पश्चिमी राजस्थान के रेगिस्तानी क्षेत्रों में मानसून अपेक्षाकृत कमजोर रहा। बाड़मेर और जैसलमेर सहित कुछ जिलों में कम बारिश के कारण खरीफ फसलों और जलस्रोतों पर दबाव बढ़ा है। उपलब्ध रिपोर्टों में जैसलमेर समेत पश्चिमी जिलों में सामान्य से काफी कम वर्षा दर्ज होने की बात सामने आई है।
सितंबर की बारिश से कुछ इलाकों को राहत
हालांकि सितंबर में प्रदेश के कई हिस्सों में अच्छी बारिश हुई, लेकिन इससे पूरे मानसून की कमी की भरपाई नहीं हो सकी। पूर्वी और दक्षिणी राजस्थान के कई जिलों में बारिश की गतिविधियां बनी रहीं, जबकि पश्चिमी हिस्से में कई क्षेत्रों में मौसम अपेक्षाकृत शुष्क रहा।
कृषि पर सीधा असर
बारिश की कमी का असर खरीफ फसलों पर पड़ने की आशंका है। विशेषकर कम वर्षा वाले पश्चिमी जिलों में किसानों को सिंचाई और जल उपलब्धता की चुनौती का सामना करना पड़ रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार लंबे समय तक बारिश की कमी रहने पर उत्पादन और ग्रामीण आय पर भी प्रभाव पड़ सकता है।
राजस्थान में पर्यटन को मिला दूसरी तरफ बढ़ावा
वहीं राजस्थान की अर्थव्यवस्था के दूसरे प्रमुख क्षेत्रों में पर्यटन गतिविधियां मजबूत बनी हुई हैं। केंद्र सरकार के आंकड़ों के अनुसार वर्ष 2025 में राजस्थान में 2525.03 लाख घरेलू और 19.45 लाख विदेशी पर्यटक यात्राएं दर्ज हुईं।
राज्य सरकार की आर्थिक समीक्षा के अनुसार भी पर्यटन राजस्थान में रोजगार और स्थानीय अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण आधार है।
संवाददाता — श्रवण पंवार, जयपुर
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