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Category: General    State: Rajasthan

2026-05-27 08:17:12

सवाई माधोपुर में 215 घड़ियालों के संरक्षण की तैयारी, पर्यटन और पर्यावरण संरक्षण को मिलेगा बढ़ावा

राष्ट्रीय चंबल अभ्यारण में बढ़ेगा वन्यजीव संरक्षण, अत्याधुनिक रियरिंग सेंटर से मिलेगा नया जीवन

सवाई माधोपुर में 215 घड़ियालों के संरक्षण की तैयारी, पर्यटन और पर्यावरण संरक्षण को मिलेगा बढ़ावा

सवाई माधोपुर/जयपुर | संवाददाता श्रवण पंवार | NMS NEWS

राष्ट्रीय चंबल अभ्यारण में वन्यजीव संरक्षण को नई मजबूती देने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। सवाई माधोपुर क्षेत्र में अत्याधुनिक घड़ियाल रियरिंग सेंटर विकसित किया जा रहा है, जहां शुरुआती चरण में 215 घड़ियालों के संरक्षण और पालन की व्यवस्था की जाएगी। इस परियोजना का उद्देश्य लुप्तप्राय प्रजातियों की सुरक्षा के साथ-साथ इको-टूरिज्म को बढ़ावा देना है।

वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार रियरिंग सेंटर को आधुनिक तकनीक और वैज्ञानिक पद्धति से तैयार किया जा रहा है, ताकि घड़ियालों के प्रजनन, सुरक्षा और प्राकृतिक वातावरण में संरक्षण को बेहतर बनाया जा सके। परियोजना पर लाखों रुपये खर्च किए जा रहे हैं और इसे प्रदेश के महत्वपूर्ण वन्यजीव संरक्षण मॉडल के रूप में विकसित किया जाएगा।

विशेषज्ञों का कहना है कि राष्ट्रीय चंबल अभ्यारण लंबे समय से घड़ियाल संरक्षण के लिए देशभर में पहचान रखता है। अब नए रियरिंग सेंटर के शुरू होने से घड़ियालों की संख्या बढ़ाने और उनकी निगरानी को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकेगा। इससे जैव विविधता संरक्षण को भी नई दिशा मिलेगी।

वन विभाग का मानना है कि इस परियोजना से चंबल क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा। देश-विदेश से आने वाले पर्यटक अब घड़ियाल संरक्षण की आधुनिक व्यवस्था को करीब से देख सकेंगे। इससे स्थानीय लोगों को रोजगार और पर्यटन व्यवसाय में भी लाभ मिलने की संभावना है।

पर्यावरण विशेषज्ञों ने इसे “वन्यजीव संरक्षण और पर्यटन विकास का संतुलित मॉडल” बताया है। उनका कहना है कि यदि संरक्षण योजनाओं को इसी तरह प्रभावी तरीके से लागू किया गया तो राष्ट्रीय चंबल अभ्यारण भविष्य में देश के प्रमुख इको-टूरिज्म केंद्रों में शामिल हो सकता है।

स्थानीय लोगों और पर्यावरण प्रेमियों में भी इस पहल को लेकर उत्साह दिखाई दे रहा है। लोगों का कहना है कि इससे क्षेत्र की पहचान मजबूत होगी और वन्यजीव संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ेगी।

— संवाददाता श्रवण पंवार, जयपुर | NMS NEWS
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