News Details | Navdhriti Manavadhikar Samachar
LIVE UPDATES
Loading fresh updates...
NMS NEWS JAIPUR

Reporter

Category: Road Safety (सड़क सुरक्षा)    State: Rajasthan

2026-08-28 04:19:36

जयपुर। राजधानी जयपुर के जयरसिंहपुरा खोर क्षेत्र में निर्माणाधीन मकान के लिए खोदे गए करीब 5 फीट गहरे गड्ढे में बारिश का पानी भरने से दो मासूम भाई-बहन की डूबने से मौत हो गई। हादसे के बाद इलाके में मातम छा गया और खुले गड्ढों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

खुले गहरे गड्ढे ने ली दो मासूम भाई-बहन की जान, पिता ने चप्पलों से की पहचान

जयपुर। राजधानी जयपुर के जयरसिंहपुरा खोर क्षेत्र में निर्माणाधीन मकान के लिए खोदे गए करीब 5 फीट गहरे गड्ढे में बारिश का पानी भरने से दो मासूम भाई-बहन की डूबने से मौत हो गई। हादसे के बाद इलाके में मातम छा गया और खुले गड्ढों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

जानकारी के अनुसार मृतक बच्चों की पहचान 11 वर्षीय आलिया और 7 वर्षीय अयान के रूप में हुई है। बारिश के बाद निर्माण स्थल पर गड्ढे में पानी भर गया था। मिट्टी के कारण पानी की स्थिति दलदल जैसी हो गई थी। दोनों बच्चे खेलते हुए गड्ढे के पास पहुंचे और पानी में गिर गए।

बताया गया कि बच्चों के पिता लियाकत हुसैन ने जब पानी में बच्चों की चप्पलें देखीं तो उन्हें अनहोनी की आशंका हुई। वे स्वयं गड्ढे में उतर गए और स्थानीय लोगों की मदद से दोनों बच्चों को बाहर निकाला, लेकिन तब तक दोनों की सांसें थम चुकी थीं। बच्चों को जेके लोन अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

खुला गड्ढा और सुरक्षा इंतजामों पर उठे सवाल

स्थानीय लोगों के अनुसार निर्माणाधीन मकान के लिए खोदा गया गड्ढा लंबे समय से खुला था। बारिश के बाद उसमें पानी भर गया, लेकिन निर्माण स्थल के आसपास पर्याप्त सुरक्षा घेरा या चेतावनी व्यवस्था नहीं होने की बात सामने आई है।

पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। सबसे बड़ा सवाल यह है कि निर्माण स्थल पर खुले गड्ढे की बैरिकेडिंग और सुरक्षा व्यवस्था क्यों नहीं की गई और बारिश के बाद जलभराव वाले स्थान को सुरक्षित करने के लिए क्या कदम उठाए गए थे?

हादसे ने एक बार फिर शहर में निर्माणाधीन स्थलों और खुले गड्ढों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन की जिम्मेदारी पर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों ने ऐसे स्थानों की तत्काल पहचान कर बैरिकेडिंग और चेतावनी संकेत लगाने की मांग की है, ताकि भविष्य में किसी और परिवार को ऐसी त्रासदी का सामना न करना पड़े।

संवाददाता — श्रवण पंवार, जयपुर
NMS.NEWS — नवधृति मानवाधिकार समाचार
Old Archives & News

Looking for our older reports or missed stories from the past?

View Old News