Category:
Politics (राजनीति)
State:
Rajasthan
2026-08-26 02:54:34
जयपुर। राजस्थान में आगामी निकाय चुनावों को लेकर कांग्रेस में टिकट वितरण की प्रक्रिया तेज हो गई है। प्रदेश के 309 निकायों में करीब 10,245 वार्डों के लिए पार्टी को 40 हजार से अधिक आवेदन प्राप्त हुए हैं। इनमें लगभग 32 प्रतिशत दावेदारों ने अपना वार्ड बदलकर चुनाव लड़ने की इच्छा जताई है।
कांग्रेस में टिकट की दौड़ तेज, 40 हजार आवेदनों में 32% ने मांगा वार्ड बदलने का मौका; पार्टी ने बागियों पर कसा शिकंजा
जयपुर। राजस्थान में आगामी निकाय चुनावों को लेकर कांग्रेस में टिकट वितरण की प्रक्रिया तेज हो गई है। प्रदेश के 309 निकायों में करीब 10,245 वार्डों के लिए पार्टी को 40 हजार से अधिक आवेदन प्राप्त हुए हैं। इनमें लगभग 32 प्रतिशत दावेदारों ने अपना वार्ड बदलकर चुनाव लड़ने की इच्छा जताई है।
पार्टी सूत्रों के अनुसार कांग्रेस ने स्पष्ट कर दिया है कि वार्ड बदलकर चुनाव लड़ने की मांग करने वाले अधिकांश आवेदनों को स्वीकार नहीं किया जाएगा। पार्टी का जोर संबंधित वार्ड में लंबे समय से सक्रिय और स्थानीय स्तर पर मजबूत दावेदारों को प्राथमिकता देने पर रहेगा।
28 अगस्त की रात जारी होंगे टिकट
जिला कांग्रेस कमेटियों से प्राप्त आवेदनों और फीडबैक के आधार पर उम्मीदवारों के चयन की प्रक्रिया अंतिम चरण में है। पार्टी की ओर से 28 अगस्त की मध्यरात्रि तक टिकट जारी किए जाने की तैयारी है। इसके बाद 29 अगस्त को सिंबल वितरण की प्रक्रिया शुरू होने की संभावना है।
बगावत करने वालों पर रहेगी विशेष नजर
पार्टी ने टिकट नहीं मिलने की स्थिति में संभावित बगावत को गंभीरता से लिया है। संगठन से बगावत करने वाले नेताओं और कार्यकर्ताओं पर नजर रखने के लिए विशेष टीमों को सक्रिय किया गया है। पार्टी यह भी देख रही है कि टिकट नहीं मिलने पर कौन नेता निर्दलीय या किसी अन्य दल के प्रत्याशी के समर्थन में जाता है।
दावेदारों के नाम पर अंतिम मंथन
निकाय चुनाव के लिए उम्मीदवार चयन की प्रक्रिया को कई चरणों में पूरा किया जा रहा है। पहले वार्ड स्तर पर जानकारी जुटाई गई, इसके बाद पार्टी पदाधिकारियों और पर्यवेक्षकों से फीडबैक लिया गया। अब दावेदारों की जीत की संभावना, स्थानीय पकड़, संगठन में सक्रियता और पिछले चुनावी प्रदर्शन जैसे पहलुओं पर विचार किया जा रहा है।
कांग्रेस के सामने सबसे बड़ी चुनौती टिकट वितरण के बाद संभावित असंतोष और बगावत को नियंत्रित करना है। पार्टी नेतृत्व स्थानीय समीकरणों को ध्यान में रखते हुए अंतिम सूची तैयार करने में जुटा है।
संवाददाता — श्रवण पंवार, जयपुर
NMS.NEWS | नवधृति मानवाधिकार समाचार